सिद्धार्थनगर जिले को बाल श्रम मुक्त बनाने की मुहिम तेज करते हुए सिद्धार्थनगर पुलिस ने शुक्रवार को व्यापक जागरूकता अभियान चलाया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन के निर्देश पर थाना एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग (AHT) और मानव संसाधन एवं महिला विकास संस्थान (MSEMVS) के संयुक्त तत्वावधान में पुलिस लाइन सभागार में विशेष किशोर पुलिस इकाई (SJPU) की मासिक बैठक एवं कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता अपर पुलिस अधीक्षक ने की। इसमें बाल संरक्षण कानूनों, बाल श्रम उन्मूलन और बच्चों के प्रति संवेदनशील पुलिसिंग पर विशेष जोर दिया गया।
JJ Act-2025 पर दिया गया प्रशिक्षण
कार्यशाला के दौरान एमएसईएमवीएस के प्रसून शुक्ला ने सभी चाइल्ड वेलफेयर पुलिस अधिकारियों (CWPOs) को JJ Act-2025 के विभिन्न प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। प्रशिक्षण में बाल अधिकारों की सुरक्षा, किशोर न्याय प्रणाली और बाल संरक्षण से जुड़े मामलों में पुलिस की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की गई, ताकि अधिकारी संवेदनशील और प्रभावी तरीके से मामलों का निस्तारण कर सकें।
बढ़ते बच्चे फिल्म से दिया जागरूकता का संदेश
बैठक के दौरान उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा तैयार बाल संरक्षण विषयक लघु फिल्म 'बढ़ते बच्चे' का प्रदर्शन भी किया गया। फिल्म के माध्यम से बच्चों की सुरक्षा, उनके अधिकारों और समाज की जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। अधिकारियों ने कहा कि जागरूकता ही बाल शोषण और बाल श्रम जैसी समस्याओं पर प्रभावी रोक लगाने का सबसे मजबूत माध्यम है।
बच्चों के प्रति अपनाएं बाल-मित्रवत व्यवहार
अपर पुलिस अधीक्षक ने सभी सीडब्ल्यूपीओ को निर्देशित किया कि बाल संरक्षण से जुड़े मामलों में पूरी संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई करें और बच्चों के प्रति हमेशा बाल-मित्रवत व्यवहार अपनाएं। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि भविष्य में आयोजित होने वाली एसजेपीयू बैठकों में केवल नामित बाल कल्याण पुलिस अधिकारियों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए, ताकि प्रशिक्षण और समीक्षा अधिक प्रभावी बन सके।
ट्रेड यूनियन प्रतिनिधियों को दिलाई शपथ
कार्यशाला के बाद ट्रेड यूनियन अध्यक्षों के साथ अलग से बैठक कर 'बाल श्रम मुक्त सिद्धार्थनगर' अभियान के तहत जागरूकता सत्र आयोजित किया गया। इस दौरान सभी प्रतिभागियों को बाल श्रम के खिलाफ संघर्ष करने और किसी भी बच्चे से श्रम न कराने तथा इसकी सूचना संबंधित विभाग को देने की शपथ दिलाई गई।
कई विभागों के अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में क्षेत्राधिकारी सदर, क्षेत्राधिकारी अपराध, बाल कल्याण समिति (CWC) के अध्यक्ष, चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक, श्रम विभाग के प्रतिनिधि, एवीवीए, पिरामल, एमएसएस, एमएसईएमवीएस के प्रतिनिधियों के साथ जिले के सभी थाना स्तर के चाइल्ड वेलफेयर पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में सभी संबंधित विभागों के बीच समन्वय बढ़ाकर जिले को बाल श्रम मुक्त बनाने के संकल्प को और मजबूत करने पर जोर दिया गया।