सिद्धार्थनगर जिले के इंडो-नेपाल सीमा क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी के लिए रविवार को ऑपरेशन कवच के तहत ककरहवा में बैठक आयोजित की गई। मोहाना थानाध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने एसएसबी और सीमावर्ती गांवों की ग्राम सुरक्षा समिति के सदस्यों के साथ बैठक कर अभियान के उद्देश्यों की जानकारी दी। अधिकारियों ने ग्रामीणों से सीमा क्षेत्र में किसी भी संदिग्ध या अवैध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों को देने की अपील की।
एसएसबी कैंप में हुई बैठक
बैठक एसएसबी कैंप ककरहवा में आयोजित की गई। इसमें मोहाना पुलिस, एसएसबी और इंडो-नेपाल सीमावर्ती ग्राम सुरक्षा समिति के सदस्य शामिल हुए। थानाध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने ऑपरेशन कवच के उद्देश्य और सीमा क्षेत्र में सतर्कता की आवश्यकता के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती गांवों में रहने वाले लोगों की भूमिका सुरक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण है। ग्रामीण अपने आसपास होने वाली संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखें और किसी भी असामान्य गतिविधि की जानकारी बिना देरी किए संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाएं।
संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने पर जोर
बैठक में सीमा क्षेत्र में अवैध गतिविधियों, संदिग्ध व्यक्तियों की आवाजाही और अन्य सुरक्षा संबंधी मामलों को लेकर सतर्क रहने पर जोर दिया गया। ग्राम सुरक्षा समिति के सदस्यों को बताया गया कि किसी व्यक्ति या गतिविधि को लेकर संदेह होने पर स्वयं कार्रवाई करने के बजाय इसकी सूचना पुलिस या सुरक्षा एजेंसियों को दें। पुलिस और एसएसबी की ओर से सीमावर्ती क्षेत्र में समन्वय के साथ निगरानी व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने पर भी चर्चा की गई।
पुलिस-SSB के बीच समन्वय पर जोर
ऑपरेशन कवच के तहत स्थानीय पुलिस, एसएसबी और अन्य संबंधित इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने को लेकर भी जानकारी साझा की गई। अधिकारियों ने सीमावर्ती गांवों में सुरक्षा से जुड़े मामलों में ग्राम सुरक्षा समितियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया। बैठक में ग्रामीण प्रतिनिधियों को सुरक्षा व्यवस्था से संबंधित आवश्यक जानकारी साझा करने और पुलिस-प्रशासन के साथ सहयोग बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया।
ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में मोहाना थानाध्यक्ष जितेंद्र सिंह, एसएसबी ककरहवा के सचिन, एएसआई अशोक कुमार, ककरहवा चौकी प्रभारी और ऑपरेशन कवच प्रभारी निरीक्षक गौरव सिंह समेत एसएसबी, पुलिस और एलआईयू के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे। पुलिस अधिकारियों के अनुसार ऑपरेशन कवच के तहत सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान और अवैध गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाने के लिए इस तरह की समन्वय बैठकों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।