सिद्धार्थनगर जिले के त्रिलोकपुर थाना क्षेत्र के एक गांव से 13 वर्षीय किशोरी को शादी का झांसा देकर भगाने के मामले में पुलिस ने शनिवार को सफलता हासिल की। पुलिस ने किशोरी को सकुशल बरामद करने के साथ मामले में नामजद आरोपी को चिताही तिराहा से गिरफ्तार कर लिया। आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय भेज दिया गया।
10 सितंबर को घर से ले जाने का आरोप
थानाध्यक्ष अनूप कुमार मिश्र के मुताबिक थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने 11 सितंबर को पुलिस को तहरीर दी थी। इसमें आरोप लगाया गया कि गांव का ही रियाजुद्दीन अंसारी 10 सितंबर की शाम करीब पांच बजे उनकी बेटी को शादी का झांसा देकर बहला-फुसलाकर घर से अपने साथ ले गया। परिजनों ने किशोरी की काफी तलाश की, लेकिन उसका पता नहीं चल सका। इसके बाद पिता ने थाने पहुंचकर पुलिस से कार्रवाई की मांग की। तहरीर के आधार पर पुलिस ने नामजद आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
मुकदमा दर्ज होते ही तलाश में जुटी पुलिस
पुलिस के अनुसार मामले में बीएनएस, पॉक्सो एक्ट और एससी/एसटी एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस टीम ने किशोरी की बरामदगी और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए तलाश शुरू कर दी। पुलिस टीम संभावित ठिकानों पर दबिश देने के साथ आरोपी और किशोरी की जानकारी जुटा रही थी। शनिवार को पुलिस को मामले में सफलता मिली। टीम ने किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया और आरोपी को चिताही तिराहा से गिरफ्तार कर लिया।
न्यायालय भेजा गया आरोपी
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी की। इसके बाद उसे न्यायालय के समक्ष पेश करने के लिए भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि प्रकरण में आगे की कार्रवाई नियमानुसार की जा रही है।
चार सदस्यीय टीम ने की कार्रवाई
किशोरी की बरामदगी और आरोपी की गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में एसआई चंद्र प्रताप सिंह, हेड कांस्टेबल चंद्रशेखर यादव, अमरेश कुमार पांडेय और महिला कांस्टेबल रूपा शामिल रहीं। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक टीम ने मुकदमा दर्ज होने के बाद लगातार मामले की निगरानी करते हुए किशोरी की तलाश की और शनिवार को उसे सकुशल बरामद कर लिया।