सिद्धार्थनगर जिले के खुनियांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) के अंतर्गत बुधवार को ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस (वीएचएसएनडी) के तहत व्यापक टीकाकरण अभियान चलाया गया। क्षेत्र के 27 स्थानों पर आयोजित वीएचएसएनडी सत्रों में 355 बच्चों और 98 गर्भवती महिलाओं समेत कुल 453 लाभार्थियों का टीकाकरण किया गया। सत्रों के दौरान लाभार्थियों को स्वास्थ्य, पोषण और नियमित टीकाकरण के महत्व की जानकारी भी दी गई।
चौबेपुर में अधिकारियों ने परखी व्यवस्था
ग्राम चौबेपुर में आयोजित वीएचएसएनडी सत्र का सीएचसी खुनियांव के अधीक्षक डॉ. देवव्रत राव ने बीपीएम अरविंद त्रिपाठी और बीसीपीएम महेंद्र कुमार के साथ निरीक्षण किया। अधिकारियों ने सत्र स्थल पर पहुंचकर टीकाकरण की व्यवस्था, लाभार्थियों की उपस्थिति और स्वास्थ्यकर्मियों की ओर से दी जा रही सेवाओं की जानकारी ली। उन्होंने मौके पर स्वास्थ्यकर्मियों से सत्र की प्रगति और लाभार्थियों के संबंध में जानकारी भी प्राप्त की।
27 गांवों में पहुंचे स्वास्थ्यकर्मी
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सेमरा, जबजई, मटेहना, मजहेगड़ा-उड़वा, उचडीह, पकड़ी नंदलाल, बंगई, नबेलवा, मनभरिया, मैना, बसडीला, कंकटी बड़ा, पडरी, रतनपुर कीर्तिदीह, तिघरी राय, बाजारडीह, सेहूड़ा, सिरकिहवा, चौबेपुर, मिश्रौलिया, एकडेगनवा, सिरसिया, पिपरी, इतवावन, घिसकडीह, खजुहा जलकरी और हरिजोत में वीएचएसएनडी सत्र आयोजित किए गए। इन सत्रों में बच्चों और गर्भवती महिलाओं को निर्धारित टीकाकरण सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ स्वास्थ्य जांच और पोषण संबंधी परामर्श दिया गया। स्वास्थ्यकर्मियों ने अभिभावकों को बच्चों का टीकाकरण निर्धारित समय पर कराने के लिए जागरूक किया। गर्भवती महिलाओं को भी नियमित स्वास्थ्य जांच और आवश्यक टीकाकरण के महत्व की जानकारी दी गई।
छूटे लाभार्थियों को जोड़ने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान सीएचसी अधीक्षक डॉ. देवव्रत राव ने स्वास्थ्यकर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी पात्र बच्चा या गर्भवती महिला नियमित टीकाकरण से वंचित न रहे। उन्होंने छूटे हुए लाभार्थियों को चिन्हित कर उन्हें टीकाकरण अभियान से जोड़ने और शासन की ओर से निर्धारित स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने पर जोर दिया। बीपीएम अरविंद त्रिपाठी और बीसीपीएम महेंद्र कुमार ने भी सत्र स्थल की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। अधिकारियों ने स्वास्थ्यकर्मियों से वीएचएसएनडी सत्रों का नियमित और प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
453 लाभार्थियों को मिली टीकाकरण सेवा
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के मुताबिक नियमित टीकाकरण बच्चों को गंभीर बीमारियों से बचाने के साथ गर्भवती महिलाओं और शिशुओं के बेहतर स्वास्थ्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। विभाग का लक्ष्य क्षेत्र के हर पात्र लाभार्थी तक समय से टीकाकरण और जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। बुधवार को आयोजित 27 वीएचएसएनडी सत्रों में 355 बच्चों और 98 गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण इस अभियान की प्रमुख उपलब्धि रही।