सिद्धार्थनगर जिले में पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने की दिशा में 24 जुलाई को बड़े स्तर पर हरिशंकरी पौधरोपण अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत जनपद की सभी ग्राम पंचायतों तथा नगर पालिका और नगर पंचायतों के प्रत्येक वार्ड में हरिशंकरी के पौधे लगाए जाएंगे। अभियान की तैयारियों को लेकर मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई, जिसमें मुख्य विकास अधिकारी बलराम सिंह सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
हर पंचायत और वार्ड के लिए बनेगी अलग कार्ययोजना
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि अभियान को सफल बनाने के लिए सभी विकास खंडों और नगरीय निकायों में पहले से विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने सभी खंड विकास अधिकारियों और नगर निकायों के अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिए कि ब्लॉक प्रमुख, ग्राम प्रधान, नगर पालिका एवं नगर पंचायत अध्यक्ष, वार्ड सदस्यों तथा सामाजिक संगठनों के साथ बैठक कर पौधरोपण की रूपरेखा तय करें, ताकि 24 जुलाई को एक ही दिन पूरे जिले में प्रभावी ढंग से अभियान संचालित किया जा सके।
पौधे लगाने के साथ सुरक्षा पर भी जोर
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि केवल पौधरोपण तक अभियान सीमित न रहे, बल्कि प्रत्येक लगाए गए पौधे की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जाए। इसके लिए सभी पौधों के चारों ओर ट्री गार्ड लगाए जाएं, ताकि पशुओं अथवा अन्य कारणों से उन्हें नुकसान न पहुंचे। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी इस अभियान को सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि व्यक्तिगत जिम्मेदारी और सामाजिक दायित्व के रूप में लें।
सामाजिक संगठनों की होगी अहम भूमिका
बैठक में लोकभारती सहित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, विश्व हिंदू परिषद, सेवा भारती, गायत्री परिवार, भारतीय किसान संघ, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, ब्रह्मकुमारी समेत विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों ने अभियान को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग का भरोसा दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि जनसहभागिता से ही पर्यावरण संरक्षण का उद्देश्य सफल हो सकता है और इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देना आवश्यक है।
अधिकारी और संगठन मिलकर निभाएंगे जिम्मेदारी
बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रमोद कुमार, सभी उप जिलाधिकारी, डीसी मनरेगा संदीप सिंह, सभी खंड विकास अधिकारी, नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। प्रशासन का लक्ष्य है कि 24 जुलाई को जिले के प्रत्येक गांव और प्रत्येक वार्ड में हरिशंकरी पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का व्यापक संदेश दिया जाए।