सिद्धार्थनगर जिले खुनियांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र क्षेत्र में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत बुधवार को नियमित टीकाकरण अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने विभिन्न टीकाकरण सत्रों में 310 बच्चों और 83 गर्भवती महिलाओं, यानी कुल 393 लाभार्थियों का टीकाकरण कर उन्हें कई गंभीर और जानलेवा बीमारियों से सुरक्षा प्रदान की। अभियान के दौरान अधिकारियों ने स्वयं फील्ड में पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और लक्ष्य के अनुरूप कार्य सुनिश्चित कराया।
टीकाकरण सत्रों का किया गया निरीक्षण
अभियान की गुणवत्ता और शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के उद्देश्य से सीएचसी अधीक्षक डॉ. पी.एन. यादव, ब्लॉक कार्यक्रम प्रबंधक अरविंद त्रिपाठी तथा ब्लॉक सामुदायिक प्रक्रिया प्रबंधक महेंद्र कुमार ने विभिन्न स्वास्थ्य उपकेंद्रों और टीकाकरण सत्र स्थलों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने वैक्सीन की उपलब्धता, कोल्ड-चेन व्यवस्था, लाभार्थियों के पंजीकरण, विभागीय अभिलेखों तथा ऑनलाइन पोर्टलों के अद्यतन की समीक्षा की।
एक भी पात्र लाभार्थी न छूटे
निरीक्षण के दौरान एएनएम, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए गए कि क्षेत्र का कोई भी पात्र बच्चा या गर्भवती महिला टीकाकरण से वंचित नहीं रहनी चाहिए। अधिकारियों ने माइक्रोप्लान के अनुसार सभी सत्रों का संचालन करने, समय पर रिकॉर्ड अपडेट करने और शासन की गाइडलाइन का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
गंभीर बीमारियों से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम
स्वास्थ्य विभाग ने लाभार्थियों और उनके परिजनों को नियमित टीकाकरण के महत्व के बारे में भी जागरूक किया। अधिकारियों ने बताया कि समय पर लगाए गए टीके बच्चों को पोलियो, खसरा, रूबेला, डिप्थीरिया, काली खांसी और टिटनेस जैसी गंभीर बीमारियों से बचाते हैं। वहीं गर्भवती महिलाओं का समय पर टीकाकरण सुरक्षित मातृत्व और स्वस्थ शिशु के जन्म के लिए बेहद जरूरी है।
100 प्रतिशत कवरेज पर स्वास्थ्य विभाग का फोकस
सीएचसी अधीक्षक डॉ. पी.एन. यादव ने कहा कि प्रत्येक पात्र लाभार्थी तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। ब्लॉक कार्यक्रम प्रबंधक अरविंद त्रिपाठी ने बताया कि नियमित निगरानी और प्रभावी कार्ययोजना के जरिए शत-प्रतिशत टीकाकरण कवरेज सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं ब्लॉक सामुदायिक प्रक्रिया प्रबंधक महेंद्र कुमार ने कहा कि आशा, एएनएम और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के समन्वित प्रयास से छूटे हुए लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें शीघ्र टीकाकरण सेवाओं से जोड़ा जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अभिभावकों और गर्भवती महिलाओं से निर्धारित तिथि पर टीकाकरण अवश्य कराने की अपील करते हुए कहा कि नियमित टीकाकरण स्वस्थ, सुरक्षित और रोगमुक्त समाज की मजबूत नींव है।